मोहब्बत, इंसानियत और भाईचारे का पैग़ाम.
मोहब्बत, इंसानियत और भाईचारे का पैग़ाम. दिनांक : 20 /02/2026 मैं साफ दिल से कहना चाहता हूँ कि मैं पालघर के किसी भी हिंदू, सिख, इसाई या किसी भी धर्म के भाई-बहन के खिलाफ नहीं हूँ। हम सब इसी मिट्टी के हैं, इसी शहर में जीते हैं और इसी समाज में अपने बच्चों का भविष्य…



